राजस्थान में फिर बदलेगा मौसम, 22 जिलों में बारिश का अलर्ट; 15 सितंबर तक एक्टिव रहेगा मानसून
जयपुर। राजस्थान में एक बार फिर मानसून सक्रिय होने के संकेत मिल रहे हैं। बंगाल की खाड़ी में बने लो-प्रेशर सिस्टम के असर से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार बारिश का यह दौर 15 सितंबर तक जारी रह सकता है।
मौसम में बदलाव के बीच मौसम विभाग ने 12 सितंबर को राजस्थान के 22 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है। खासतौर पर पूर्वी और दक्षिणी राजस्थान में बारिश का दौर शुरू होने की संभावना जताई गई है।
22 जिलों में यलो अलर्ट
मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने लो-प्रेशर सिस्टम का असर राजस्थान के मौसम पर देखने को मिल सकता है। इसके चलते कई जिलों में बारिश और मौसम में बदलाव की संभावना है। विभाग ने 12 सितंबर के लिए 22 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है।
मौसम विभाग ने पूर्वी और दक्षिणी राजस्थान में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना जताई है। हालांकि बारिश की तीव्रता और स्थान में बदलाव स्थानीय मौसम परिस्थितियों के अनुसार हो सकता है।
15 सितंबर तक बारिश का दौर
राजस्थान में मानसून की गतिविधियां फिलहाल कमजोर चल रही हैं, लेकिन बंगाल की खाड़ी के सिस्टम के कारण फिर से मानसून सक्रिय होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार राज्य में बारिश का यह दौर 15 सितंबर तक जारी रह सकता है।
बारिश शुरू होने से तापमान में कुछ गिरावट देखने को मिल सकती है, हालांकि प्रदेश के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक दिन का तापमान सामान्य से ऊपर रहने की संभावना है।
24 सितंबर तक सामान्य से ऊपर रह सकता है तापमान
मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर ने राजस्थान के लिए अगले दो सप्ताह का पूर्वानुमान भी जारी किया है। इसमें 24 सितंबर तक प्रदेश में अधिकतम तापमान सामान्य से ऊपर रहने की संभावना जताई गई है।
यानी बारिश की गतिविधियां बढ़ने के बावजूद प्रदेश के कई हिस्सों में गर्मी से पूरी तरह राहत मिलने की संभावना फिलहाल कम है। पूर्वी और दक्षिणी राजस्थान में बारिश का दौर चलने की संभावना के साथ मौसम विभाग ने यलो अलर्ट जारी किया है।
बारिश थमते ही दिन में बढ़ी गर्मी
पिछले कुछ दिनों से बारिश का दौर कमजोर पड़ने के कारण राजस्थान में दिन के तापमान में बढ़ोतरी हुई है। गुरुवार को प्रदेश के कई शहरों में दिनभर तेज धूप रही। इस दौरान 10 से ज्यादा शहरों का अधिकतम तापमान 35 से 40 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया।
पिलानी में सबसे ज्यादा गर्मी दर्ज हुई। यहां अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 39.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
अब आगे कैसा रहेगा मौसम?
राजस्थान में अगले कुछ दिनों में मौसम का मिजाज बदलने की संभावना है। बंगाल की खाड़ी के लो-प्रेशर सिस्टम के असर से पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। 12 सितंबर को 22 जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है।
हालांकि, तापमान सामान्य से ऊपर रहने का पूर्वानुमान भी जारी किया गया है। ऐसे में प्रदेश में एक साथ गर्मी और बारिश दोनों का असर देखने को मिल सकता है। स्थानीय परिस्थितियों और मौसम विभाग के आगामी अपडेट के आधार पर बारिश की स्थिति में बदलाव संभव है।





