बीकानेर में क्रेडिट कार्ड के ऑफर का झांसा, लिंक खोलते ही खाते से 3.25 लाख पार
बीकानेर। सोशल मीडिया पर दिखे क्रेडिट कार्ड के ऑफर के झांसे में आकर बीकानेर का एक व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार हो गया। साइबर ठगों ने पहले फेसबुक पर पीएनबी क्रेडिट कार्ड का विज्ञापन दिखाया और इसके बाद फोन कर व्हाट्सऐप पर एक लिंक भेजा। लिंक के जरिए डेबिट कार्ड की जानकारी भरवाने के बाद पीड़ित के बैंक खाते से अलग-अलग ट्रांजेक्शन में कुल 3.25 लाख रुपए निकाल लिए गए। मामले में साइबर थाने में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की गई है।
फेसबुक पर दिखा था PNB क्रेडिट कार्ड का ऑफर
पुलिस के अनुसार परिवादी राजकुमार खत्री, निवासी A-39 करनी नगर, बीकानेर ने रिपोर्ट में बताया कि उसने फेसबुक पर पीएनबी बैंक के क्रेडिट कार्ड से संबंधित एक विज्ञापन देखा था। विज्ञापन देखने के बाद 31 अगस्त को उसके पास एक अज्ञात नंबर से फोन आया। फोन करने वाले व्यक्ति ने क्रेडिट कार्ड बनवाने की बात कही और उसके व्हाट्सऐप नंबर पर एक लिंक भेज दिया।
लिंक खोलकर भरवाई डेबिट कार्ड की डिटेल
परिवादी के अनुसार फोन करने वाले व्यक्ति ने उसे बताया कि व्हाट्सऐप पर भेजे गए मैसेज को खोलकर उसमें डेबिट कार्ड से संबंधित जानकारी भरने पर उसे क्रेडिट कार्ड मिल जाएगा। आरोपी की बातों पर विश्वास करते हुए परिवादी ने लिंक खोला और मांगी गई जानकारी दर्ज कर दी।
सुबह मोबाइल पर आए खाते से पैसे निकलने के मैसेज
रिपोर्ट के अनुसार अगले दिन सुबह जब राजकुमार खत्री उठे तो उनके मोबाइल पर बैंक खाते से रकम निकलने के कई मैसेज मिले। खाते की जांच करने पर पता चला कि साइबर ठगों ने अलग-अलग ट्रांजेक्शन के जरिए कुल 3,25,000 रुपए निकाल लिए। इनमें 3 लाख रुपए, 10 हजार रुपए और 15 हजार रुपए की निकासी शामिल बताई गई है।
1930 पर शिकायत के बाद साइबर थाने में मामला दर्ज
ठगी का पता चलते ही परिवादी ने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करवाई और पुलिस को भी मामले की जानकारी दी। साइबर थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस साइबर ठगी में इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर, व्हाट्सऐप लिंक और बैंक ट्रांजेक्शन की जानकारी के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
साइबर ठगी से बचने के लिए सावधानी जरूरी
सोशल मीडिया पर बैंक या क्रेडिट कार्ड से जुड़े किसी भी ऑफर पर तुरंत भरोसा करने से बचना चाहिए। किसी अनजान व्यक्ति द्वारा भेजे गए लिंक पर बैंकिंग या कार्ड से जुड़ी संवेदनशील जानकारी दर्ज नहीं करनी चाहिए। बैंक खाते, डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड, ओटीपी और अन्य गोपनीय जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा करना भारी पड़ सकता है।





