राजस्थान पंचायती राज चुनाव 2026: आरक्षण लॉटरी की तारीखें फिर टलीं, अब निकाय चुनाव के बाद होगा फैसला
बीकानेर। राजस्थान में पंचायती राज संस्थाओं के आगामी चुनाव 2026 की तैयारियों में जुटे लाखों ग्रामीण मतदाताओं और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के लिए बड़ी खबर है। जिला परिषद, पंचायत समिति सदस्यों, सरपंचों और वार्ड पंचों के पदों के लिए प्रस्तावित आरक्षण लॉटरी की तारीखें एक बार फिर आगे बढ़ा दी गई हैं।
पहले तय कार्यक्रम के अनुसार 17 सितंबर 2026 को जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों तथा 18 सितंबर 2026 को ग्राम पंचायतों के सरपंच और वार्ड पंचों के लिए जिला मुख्यालयों पर आरक्षण लॉटरी निकाली जानी थी। अब यह प्रक्रिया निर्धारित तारीखों पर नहीं होगी।
शहरी निकाय चुनाव के चलते टली आरक्षण लॉटरी
पंचायती राज विभाग ने राज्य निर्वाचन आयोग को अवगत कराया था कि शहरी निकाय चुनाव में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के निर्वाचन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही पंचायती राज संस्थाओं की आरक्षण लॉटरी कराई जाए। इसके बाद लॉटरी कार्यक्रम में बदलाव का निर्णय लिया गया है।
17 और 18 सितंबर को क्या होगा?
17 सितंबर 2026 को शहरी निकाय चुनाव में अध्यक्ष पद के नामांकन पत्रों की संवीक्षा की जानी है। वहीं 18 सितंबर 2026 को नाम वापसी और अंतिम उम्मीदवारों को चुनाव चिन्ह आवंटित किए जाएंगे। ऐसे में जिला प्रशासन और पुलिस समेत पूरा प्रशासनिक अमला निकाय चुनाव की व्यवस्थाओं में व्यस्त रहेगा।
अब कब होगी पंचायती राज चुनाव की आरक्षण लॉटरी?
संभावना जताई जा रही है कि शहरी निकाय चुनाव में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों का निर्वाचन 21 और 22 सितंबर 2026 को पूरा होने के बाद पंचायती राज संस्थाओं की आरक्षण लॉटरी के लिए नई तारीखों की घोषणा की जाएगी। नई तारीखों की औपचारिक घोषणा राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से की जाएगी।
15 नवंबर तक चुनाव कराने का लक्ष्य
पंचायती राज संस्थाओं के आम चुनाव को लेकर राज्य में प्रक्रिया को निर्धारित समयसीमा में पूरा कराने की तैयारी है। मौजूदा खाके के अनुसार 15 नवंबर 2026 तक पंचायती राज चुनाव की मतदान प्रक्रिया पूरी कराने का लक्ष्य रखा गया है।
दावेदारों का बढ़ा इंतजार
आरक्षण लॉटरी टलने से सरपंच, पंचायत समिति सदस्य और जिला परिषद सदस्य का चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे दावेदारों का इंतजार कुछ और बढ़ गया है। किस सीट पर महिला, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग या सामान्य वर्ग का आरक्षण होगा, यह स्पष्ट होने के बाद ही कई दावेदार अपनी चुनावी रणनीति को अंतिम रूप दे सकेंगे।
ग्रामीण क्षेत्रों में लंबे समय से पंचायती राज चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हैं। अब सभी की नजरें शहरी निकाय चुनाव की प्रक्रिया पूरी होने और पंचायती राज आरक्षण लॉटरी की नई तारीखों की घोषणा पर टिकी हैं।
महत्वपूर्ण बातें
- 17 सितंबर: जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों की प्रस्तावित आरक्षण लॉटरी टली।
- 18 सितंबर: सरपंच और वार्ड पंचों की प्रस्तावित आरक्षण लॉटरी भी टली।
- 21-22 सितंबर: शहरी निकायों में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों की चुनाव प्रक्रिया प्रस्तावित।
- नई लॉटरी: निकाय चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद नई तारीखों की घोषणा संभावित।
- 15 नवंबर 2026: पंचायती राज चुनाव प्रक्रिया पूरी कराने का लक्ष्य।




