अपने ही नाम 3 पट्टे जारी करने का आरोप, देशनोक पालिका के तत्कालीन अध्यक्ष पर ACB का केस
देशनोक: राजस्थान भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने देशनोक नगर पालिका के तत्कालीन अध्यक्ष ओमप्रकाश मूंधड़ा और अन्य के खिलाफ पद के दुरुपयोग के आरोप में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोप है कि मूंधड़ा ने अध्यक्ष पद पर रहते हुए अपने अधिकारों का कथित रूप से दुरुपयोग किया और नगर पालिका के भूखंडों के पट्टे अपने ही नाम से जारी किए।
अपने ही नाम जारी किए तीन पट्टे
एसीबी में दर्ज परिवाद के अनुसार तत्कालीन अध्यक्ष ओमप्रकाश मूंधड़ा पर राजस्थान नगरपालिका अधिनियम, 2009 की धारा 69-क के प्रावधानों के कथित दुरुपयोग का आरोप है। आरोप है कि उन्होंने अपने पद और अधिकारों का इस्तेमाल करते हुए अपने ही हस्ताक्षरों से अपने नाम पर तीन अलग-अलग पट्टे जारी किए।
रिकॉर्ड के अनुसार 31 दिसंबर 2021 को मूंधड़ा के नाम तीन पट्टे जारी किए गए। इनमें एक भूखंड का क्षेत्रफल 71.88 वर्गमीटर, दूसरे का 267.14 वर्गमीटर और तीसरे का 42.53 वर्गमीटर बताया गया है। इसके बाद 11 जनवरी 2022 को तीनों पट्टों का पंजीयन कराया गया।
ACB की प्राथमिक जांच में सामने आए तथ्य
मामले की शिकायत मिलने के बाद भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने प्राथमिक स्तर पर जांच की। जांच के दौरान पट्टों से जुड़े दस्तावेजों और संबंधित प्रक्रिया की पड़ताल की गई।
प्राथमिक जांच के बाद सक्षम प्राधिकारी से भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 17-A के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए आवश्यक पूर्वानुमोदन प्राप्त किया गया।
तत्कालीन अध्यक्ष और अन्य के खिलाफ मामला दर्ज
एसीबी के अनुसार प्राथमिक जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने के बाद तत्कालीन नगर पालिका अध्यक्ष ओमप्रकाश मूंधड़ा और अन्य के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम तथा भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।
पट्टों और दस्तावेजों की जांच जारी
मामला दर्ज होने के बाद एसीबी ने आगे की जांच शुरू कर दी है। जांच के दौरान तीनों पट्टों से संबंधित दस्तावेज, हस्ताक्षर, पंजीयन प्रक्रिया और नगर पालिका के रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। साथ ही यह भी पड़ताल की जा रही है कि पट्टे जारी करने की पूरी प्रक्रिया में नियमों का पालन हुआ था या नहीं।





