बीकानेर। ब्राह्मण स्वर्णकार समाज के कमल सोनी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के मामले में जेएनवीसी थाना पुलिस ने कैलाश सोनी के खिलाफ आत्महत्या के लिए परेशान करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। मृतक के पुत्र अजय सोनी की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। इससे पहले गुरुवार को मोर्चरी के बाहर धरना दिया गया था। सीओ सदर आकांक्षा चौधरी द्वारा आरोपी की गिरफ्तारी और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिए जाने के बाद धरना समाप्त हुआ। पोस्टमार्टम के बाद शाम को कमल सोनी का अंतिम संस्कार किया गया।
7 अक्टूबर को घर से निकले थे कमल सोनी
एफआईआर के अनुसार, कमल सोनी 7 अक्टूबर 2026 को सुबह करीब 10 बजे जरूरी काम से स्कूटी लेकर घर से निकले थे। दोपहर तक वापस नहीं लौटने पर उनके बेटे अजय सोनी ने फोन किया। इस दौरान कमल सोनी ने बताया कि वह बीकानेर की बी सेठिया गली निवासी कैलाश सोनी पुत्र इंद्रचंद सोनी के पास हिसाब करने आए हैं और पेमेंट लेकर एक से डेढ़ घंटे में लौट आएंगे। उन्होंने शाम करीब 4 बजे घर आकर खाना खाने की बात भी कही थी।
रात को जोड़बीड़ में शव मिलने की सूचना
अजय सोनी के अनुसार, शाम 6 से 7 बजे तक पिता के घर नहीं लौटने पर उनसे संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका मोबाइल स्विच ऑफ आने लगा। देर रात करीब 10 बजे खिदमतगार सोसायटी से सूचना मिली कि कमल सोनी का शव जोड़बीड़ क्षेत्र में रेलवे पटरियों के पास मिला है। इसके बाद उन्हें ट्रॉमा सेंटर ले जाने की जानकारी मिली।
कैलाश सोनी पर परेशान करने का आरोप
मृतक के पुत्र ने अपनी रिपोर्ट में आरोप लगाया है कि कैलाश सोनी से परेशान होकर उनके पिता ने आत्महत्या की। एफआईआर में यह आरोप भी लगाया गया है कि कैलाश सोनी ने ‘जयरामसा पीर’ नाम से सोसायटी बनाकर समाज के लोगों के साथ करोड़ों रुपए की ठगी की। ये आरोप शिकायत का हिस्सा हैं; इनकी पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस जांच में सामने आएंगे मौत के कारण
मामले में अब पुलिस जांच के दौरान यह स्पष्ट होगा कि कमल सोनी कैलाश सोनी के पास से निकलने के बाद जोड़बीड़ क्षेत्र कैसे पहुंचे और उनकी मौत किन परिस्थितियों में हुई। पुलिस दर्ज मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।






